मुनिकीरेती नपा में टेंडर प्रक्रिया में मनमानी के आरोपों को नीलम बिजल्वाण ने किया खारिज
कहा आरोप लगाए है तो साबित भी करे

ऋषिकेश।
मुनिकीरेती नगर पालिका की अध्यक्ष नीलम बिजल्वाण ने टेंडर प्रक्रिया में मनमानी करने के आरोपो को खारिज किया है। दावा किया कि यदि आरोप लगाने वाले सबूत के साथ आरोप साबित करते हैं तो वह उसी दिन पालिका अध्यक्ष की कुर्सी से इस्तीफा दे देंगी। यदि उन पर आरोप साबित नहीं हुए तो वह कोर्ट की शरण में जाकर आरोप लगाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करेंगीं।
इस संबंध में नगर पालिका अध्यक्ष ने आज पालिका सभागार में प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने कहा कि कुछ लोग उन पर गलत बयान बाजी कर आरोप लगा रहे हैं। टेंडर प्रक्रिया में मनमानी और 11 लाख की घूस लेने का आरोप उन पर लगाया गया है। जो की बिल्कुल बेबुनियाद है। बताया अभी दो टेंडर हुए हैं। उनमें कूड़ा घर में सुरक्षा दीवार और आरसीसी कार्य के लिए कुल 13 निविदा दाताओं ने ऑनलाइन प्रतिभा किया गया। जिसमें से आठ निविदा दाताओं के द्वारा तकनीकी बिड कार्यालय में जमा की गई। जिसमें से दो निविदा दाता तकनीकी बिड में सफल हुए। नियमावली 2025 के अनुसार प्रथम बार में यदि केवल एक ही निविदा दाता तकनीकी बीट में सफल हो तो दोबारा निविदा आमंत्रित की जाए। यदि एक से ज्यादा निविदा दाता तकनीकी बिड में सफल होते हैं तो वित्तीय बिड खोली जा सकती है। उन्होंने साफ कहा कि अंशुल रावत उन पर 11 लाख रुपए की घूस लेने का आरोप लगा रहा है। जो सरासर गलत है, या तो अंशुल रावत इस आरोप को सिद्ध करें नहीं तो इस संबंध में अंशुल रावत के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया अपनाई जाएगी।



